विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ सà¥à¤µà¤¯à¤‚ के साथ दूसरों को à¤à¥€ आतà¥à¤®à¤¨à¤¿à¤°à¥à¤à¤° बनाà¤à¤ – राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल
गà¥à¤µà¤¾à¤²à¤¿à¤¯à¤° । राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल ने कहा है कि शिकà¥à¤·à¤¾ के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में हमारा देश विशà¥à¤µ गà¥à¤°à¥‚ का सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ रखता था। अगर हमें उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में अपने देश की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤ ा को फिर से वापस लाना है तो अपने यà¥à¤µà¤¾à¤“ं के कौशल, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾ व ऊरà¥à¤œà¤¾ के समनà¥à¤µà¤¿à¤¤ उपयोग के साथ-साथ देश के मौलिक जà¥à¤žà¤¾à¤¨, परंपराओं और कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾à¤“ं का à¤à¤°à¤ªà¥‚र इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करना होगा। राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ पटेल ने जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ के दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह में दिठगठअपने अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¥€à¤¯ उदबोधन में इस आशय के विचार वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ किà¤à¥¤ उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने इस अवसर पर विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का आहवान किया कि सà¥à¤µà¤¯à¤‚ आतà¥à¤® निरà¥à¤à¤° बनें और दूसरों को à¤à¥€ आतà¥à¤® निरà¥à¤à¤° बनाने में मदद करें। साथ ही यह संकलà¥à¤ª लें कि à¤à¤¾à¤°à¤¤ माता के लिये हम सà¥à¤µà¤¦à¥‡à¤¶à¥€ अपनाकर अपने देश को आतà¥à¤®à¤¨à¤¿à¤°à¥à¤à¤° बनायेंगे। केनà¥à¤¦à¥à¤°à¥€à¤¯ कृषि à¤à¤µà¤‚ किसान कलà¥à¤¯à¤¾à¤£ मंतà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ नरेनà¥à¤¦à¥à¤° सिंह तोमर के वरà¥à¤šà¥à¤…ल मà¥à¤–à¥à¤¯ आतिथà¥à¤¯ में शà¥à¤•à¥à¤°à¤µà¤¾à¤° को जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ परिसर में सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ अटल विहारी वाजपेयी इंटरनेशनल कनà¥à¤µà¥‡à¤‚शन सेंटर में यह दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह आयोजित हà¥à¤†à¥¤ दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह में कà¥à¤² 555 विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को गोलà¥à¤¡ मैडल व उपाधियां पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ की गईं।
राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल ने गोलà¥à¤¡ मैडल और अनà¥à¤¯ उपाधियां पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करने वाले सà¤à¥€ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को बधाई à¤à¤µà¤‚ शà¥à¤à¤•ामनाà¤à¤ देकर सà¤à¥€ के उजà¥à¤œà¥à¤µà¤² à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ की कामना की। साथ ही कहा कि आप सब महापà¥à¤°à¥‚षों और विदà¥à¤µà¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ के आदरà¥à¤¶à¥‹à¤‚ व सिदà¥à¤§à¤¾à¤‚तों को आतà¥à¤®à¤¸à¤¾à¤¤ कर जीवन पथ पर आगे बà¥à¥‡à¤‚।
दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह में पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ के उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ मंतà¥à¤°à¥€ डॉ. मोहन यादव, ऊरà¥à¤œà¤¾ मंतà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ पà¥à¤°à¤¦à¥à¤¯à¥à¤®à¥à¤¨ सिंह तोमर, उदà¥à¤¯à¤¾à¤¨à¤¿à¤•ी à¤à¤µà¤‚ खादà¥à¤¯ पà¥à¤°à¤¸à¤‚सà¥à¤•रण राजà¥à¤¯ मंतà¥à¤°à¥€ (सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤° पà¥à¤°à¤à¤¾à¤°) शà¥à¤°à¥€ à¤à¤¾à¤°à¤¤ सिंह कà¥à¤¶à¤µà¤¾à¤¹, सांसद शà¥à¤°à¥€ विवेक नारायण शेजवलकर तथा विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ कारà¥à¤¯ परिषद के सदसà¥à¤¯à¤—ण मंचासीन थे। इस अवसर पर संà¤à¤¾à¤— आयà¥à¤•à¥à¤¤ शà¥à¤°à¥€ आशीष सकà¥à¤¸à¥‡à¤¨à¤¾, आईजी शà¥à¤°à¥€ अविनाश शरà¥à¤®à¤¾, कलेकà¥à¤Ÿà¤° शà¥à¤°à¥€ कौशलेनà¥à¤¦à¥à¤° विकà¥à¤°à¤® सिंह व पà¥à¤²à¤¿à¤¸ अधीकà¥à¤·à¤• शà¥à¤°à¥€ अमित सांघी सहित अनà¥à¤¯ संबंधित अधिकारी मौजूद थे।
दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह में राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² à¤à¤µà¤‚ कà¥à¤²à¤¾à¤§à¤¿à¤ªà¤¤à¤¿ शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल à¤à¤µà¤‚ विशिषà¥à¤Ÿ अतिथियों ने विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किà¤à¥¤ जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ की कà¥à¤²à¤ªà¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¥‹. संगीता शà¥à¤•à¥à¤²à¤¾ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को पीà¤à¤šà¤¡à¥€ à¤à¤µà¤‚ à¤à¤®à¤«à¤¿à¤² की उपाधियां पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ की गईं। समारोह का संचालन विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ के कà¥à¤² सचिव डॉ. आनंद मिशà¥à¤°à¤¾ ने किया। शिकà¥à¤·à¤£ सतà¥à¤° वरà¥à¤· 2018-19 और 2019-20 के विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को उपाधियां और सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किठगà¤à¥¤ समारोह में मंच से वरà¥à¤· 2018-19 के 49 विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किठगà¤à¥¤ जिनमें 35 सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤•ोतà¥à¤¤à¤° व 14 सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤• सà¥à¤¤à¤° के सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक शामिल हैं। इसी शिकà¥à¤·à¤¾ सतà¥à¤° के लिये 16 पà¥à¤°à¤¾à¤¯à¥‹à¤œà¤¿à¤¤ सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक à¤à¥€ समारोह में पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किठगà¤à¥¤ इसी तरह शिकà¥à¤·à¤¾ सतà¥à¤° 2019-20 के कà¥à¤² 51 छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ को सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक सौंपे गà¤à¥¤ जिनमें सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤•ोतà¥à¤¤à¤° के 35 और सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤• सà¥à¤¤à¤° के 16 सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक शामिल हैं। साथ ही इस शिकà¥à¤·à¤¾ सतà¥à¤° के लिये 18 पà¥à¤°à¤¾à¤¯à¥‹à¤œà¤¿à¤¤ सà¥à¤µà¤°à¥à¤£ पदक à¤à¥€ दिठगठहैं। दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह के मंच से 180 शोध विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को पीà¤à¤šà¤¡à¥€ à¤à¤µà¤‚ 13 विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को à¤à¤®à¤«à¤¿à¤² की उपाधि पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ की गईं। इनके अलावा सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤•ोतà¥à¤¤à¤° के 228 विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को उपाधि देने की घोषणा की गई।
राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल ने कहा कि पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨à¤•ाल में à¤à¤¾à¤°à¤¤ में तकà¥à¤·à¤¶à¤¿à¤²à¤¾ à¤à¤µà¤‚ नालंदा जैसे अंतरà¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ सà¥à¤¤à¤° के शिकà¥à¤·à¤£ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ थे, जिनमें दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° के विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ शिकà¥à¤·à¤¾ गà¥à¤°à¤¹à¤£ करने आते थे। पर अब हमारे देश के विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ विदेश में शिकà¥à¤·à¤¾ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करने जाते हैं। देश के शैकà¥à¤·à¤£à¤¿à¤• वैà¤à¤µ को फिर से हासिल करने के लिये समनà¥à¤µà¤¿à¤¤ पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करने होंगे। शà¥à¤°à¥€ पटेल ने इस अवसर पर यह à¤à¥€ कहा कि दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह à¤à¤¾à¤°à¤¤ की पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨ परंपरा है। पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨à¤•ाल में शिकà¥à¤·à¤¾ पूरà¥à¤£ होने पर वैदिक सूकà¥à¤¤à¥‹à¤‚ के पाठदà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ देवताओं का आहà¥à¤µà¤¾à¤¨ कर विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को अंतिम उपदेश अरà¥à¤¥à¤¾à¤¤ दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त उपदेश दिया जाता था।
दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह को संबोधित करते हà¥à¤ राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ पटेल ने विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का आहà¥à¤µà¤¾à¤¨ करते हà¥à¤ कहा कि आप सबने अपनी तपसà¥à¤¯à¤¾ से जà¥à¤žà¤¾à¤¨ का जो दीपक जलाया है, इससे आपको सतà¥à¤¯ – असतà¥à¤¯, शिव-अशिव, सà¥à¤‚दर-असà¥à¤‚दर के बीच का अंतर समठमें आयेगा। आप सबकी à¤à¤¾à¤µà¥€ जिंदगी की राह आसान होगी। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ संदरà¥à¤à¥‹à¤‚ में यह उपदेश सरà¥à¤µà¤¦à¤¾ से पà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤‚गिक है कि यदि हम सचà¥à¤šà¥‡ मन से जà¥à¤žà¤¾à¤¨ को आतà¥à¤®à¤¸à¤¾à¤¤ करें, तो जीवन में सफलता तय है। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि आज का दिन आप सबके लिये जितना महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ है उतना ही उन शिकà¥à¤·à¤•ों व अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों के लिये à¤à¥€ है जिनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने आपके जीवन को उजà¥à¤œà¥à¤µà¤² बनाने में योगदान दिया।
विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤¬à¤² चेयर की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ हो
राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल ने जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पिछड़ी à¤à¤µà¤‚ जनजातियों के कलà¥à¤¯à¤¾à¤£ के लिये किठजा रहे पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸à¥‹à¤‚ पर पà¥à¤°à¤¸à¤¨à¥à¤¨à¤¤à¤¾ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ की। साथ ही कहा कि इन वरà¥à¤—ों के शैकà¥à¤·à¤£à¤¿à¤• उतà¥à¤¥à¤¾à¤¨ के लिये विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤¬à¤² चेयर की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ की जानी चाहिà¤à¥¤ उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में हो रहे परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£, सामाजिक सरोकार, टीकाकरण में सहयोग, आयà¥à¤°à¥à¤µà¥‡à¤¦à¤¿à¤• परंपराओं का पà¥à¤°à¤¸à¤¾à¤°, शोध अनà¥à¤¸à¤‚धान और 22 टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ तैयार करने के पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸à¥‹à¤‚ की सराहना की। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ में योगदान देने के लिये महाराज जीवाजीराव सिंधिया का सà¥à¤®à¤°à¤£ à¤à¥€ किया।
*छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ ने देश-विदेश में गà¥à¤µà¤¾à¤²à¤¿à¤¯à¤° का नाम रोशन किया है – केनà¥à¤¦à¥à¤°à¥€à¤¯ मंतà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ तोमर
केनà¥à¤¦à¥à¤°à¥€à¤¯ कृषि à¤à¤µà¤‚ किसान कलà¥à¤¯à¤¾à¤£ मंतà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ नरेनà¥à¤¦à¥à¤° सिंह तोमर ने बतौर मà¥à¤–à¥à¤¯ अतिथि दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह को वरà¥à¤šà¥à¤…ल संबोधित करते हà¥à¤ कहा कि वरà¥à¤· 1964 में जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ हà¥à¤ˆ थी। विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ ने शिकà¥à¤·à¤¾ के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में बड़े-बड़े आयाम सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¿à¤¤ किठहैं। यहाठपर पà¥à¥‡ छातà¥à¤° राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ और अंतरà¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ सà¥à¤¤à¤° पर गà¥à¤µà¤¾à¤²à¤¿à¤¯à¤° का नाम रोशन कर रहे हैं। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का आहà¥à¤µà¤¾à¤¨ किया कि हमारे अंदर गà¥à¤µà¤¾à¤²à¤¿à¤¯à¤°, जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ और पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ गरà¥à¤µ का à¤à¤¾à¤µ सदैव विदà¥à¤¯à¤®à¤¾à¤¨ रहें, तà¤à¥€ हम अपने देश पर à¤à¥€ गरà¥à¤µ कर पायेंगे। शà¥à¤°à¥€ तोमर ने कहा कि सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ विवेकानंद ने कहा था कि 21वीं सदी à¤à¤¾à¤°à¤¤ की है। इस समय à¤à¤¾à¤°à¤¤ विशà¥à¤µ का सबसे यà¥à¤µà¤¾ आबादी वाला देश है। सà¤à¥€ यà¥à¤µà¤¾ à¤à¤¾à¤°à¤¤ की शकà¥à¤¤à¤¿ और पूà¤à¤œà¥€ है। पà¥à¤°à¤§à¤¾à¤¨à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ नरेनà¥à¤¦à¥à¤° मोदी लगातार इस कोशिश में हैं कि यà¥à¤µà¤¾à¤“ं की ऊरà¥à¤œà¤¾ का à¤à¤°à¤ªà¥‚र उपयोग हो। इसीलिठमेक इन इंडिया, सà¥à¤•िल इंडिया, खेलो इंडिया व सà¥à¤Ÿà¤¾à¤°à¥à¤Ÿà¤…प इंडिया की बात उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने की है। केनà¥à¤¦à¥à¤°à¥€à¤¯ मंतà¥à¤°à¥€ ने यह à¤à¥€ कहा कि उपाधि पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करने बाद आप सब जीवन की नई यातà¥à¤°à¤¾ शà¥à¤°à¥‚ कर रहे हैं। नठजीवन में आप सब कितनी à¤à¥€ अचà¥à¤›à¥€ आजीविका पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ कर लें पर माता-पिता, गà¥à¤°à¥‚जन और राषà¥à¤Ÿà¥à¤° के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ अपने दायितà¥à¤µà¥‹à¤‚ को न à¤à¥‚लें।
*यह शिकà¥à¤·à¤¾ की ही नहीं मानवता की à¤à¥€ डिगà¥à¤°à¥€ है – उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ मंतà¥à¤°à¥€ डॉ. यादव
उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ मंतà¥à¤°à¥€ डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आप सबको मिली यह डिगà¥à¤°à¥€ केवल शिकà¥à¤·à¤¾ की डिगà¥à¤°à¥€ à¤à¤° नहीं है यह मानवता की डिगà¥à¤°à¥€ à¤à¥€ है। इसलिठजीवन पथ पर सदैव सतà¥à¤¯, निषà¥à¤ ा व समरà¥à¤ªà¤£ à¤à¤¾à¤µ के साथ आगे बà¥à¥‡à¤‚। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह à¤à¤• ऊरà¥à¤œà¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करने की परंपरा है। सà¤à¥€ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ इस ऊरà¥à¤œà¤¾ को आतà¥à¤®à¤¸à¤¾à¤¤ कर अपने जीवन की नई यातà¥à¤°à¤¾ शà¥à¤°à¥‚ करें। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा निशà¥à¤šà¤¿à¤¤ ही आप सब शिकà¥à¤·à¤¾ के तप की बदौलत कठिन से कठिन चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का सामना कर पाने में सफल होंगे। उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ मंतà¥à¤°à¥€ ने कहा खà¥à¤¶à¥€ की बात है कि 62 वरà¥à¤·à¥€à¤¯ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ ने à¤à¥€ गोलà¥à¤¡ मैडल पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ किया है। इससे साबित हà¥à¤† है कि पà¥à¤¾à¤ˆ के लिये उमà¥à¤° की कोई सीमा नहीं होती। पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ के सà¤à¥€ विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में पà¥à¤¾à¤ˆ के लिठउमà¥à¤° की कोई सीमा नहीं रखी गई है।
पारंपरिक à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ वेशà¤à¥‚षा में सजधज कर उपाधि लेने आठविदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€
जीवाजी विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ के दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह की अलग ही छटा थी। राजà¥à¤¯à¤ªà¤¾à¤² à¤à¤µà¤‚ कà¥à¤²à¤¾à¤§à¤¿à¤ªà¤¤à¤¿ शà¥à¤°à¥€ मंगà¥à¤à¤¾à¤ˆ पटेल व सà¤à¥€ विशिषà¥à¤Ÿ अतिथिगण और पà¥à¤°à¤¾à¤§à¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤•ों सहित उपाधि à¤à¤µà¤‚ गोलà¥à¤¡ मैडल लेने आठविदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ पारंपरिक à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ वेशà¤à¥‚षा में सजधजकर आठथे। जà¥à¤žà¤¾à¤¤ हो पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ सरकार की पहल पर राजà¥à¤¯ के सà¤à¥€ विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में अब पाशà¥à¤šà¤¾à¤¤à¥à¤¯ वेशà¤à¥‚षा के सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ वेशà¤à¥‚षा में ही दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह होते हैं। अतिथियों की शोà¤à¤¾ यातà¥à¤°à¤¾ और राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤—ान के साथ दीकà¥à¤·à¤¾à¤‚त समारोह का शà¥à¤à¤¾à¤°à¤‚ठहà¥à¤†à¥¤ इससे पहले पारंपरिक रूप से विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ कारà¥à¤¯ परिषद की विशेष बैठक à¤à¥€ हà¥à¤ˆà¥¤