à¤à¤• से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सोशल साइट का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करते हैं तो हो जाà¤à¤‚ सावधान!
अगर आप à¤à¤• से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सोशल साइट का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करते हैं तो सावधान हो जाइà¤à¥¤ नये शोध में बताया गया है कि कई सोशल नेटवरà¥à¤•िंग साइट का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करने से अवसाद और दà¥à¤·à¥à¤šà¤¿à¤‚ता के विकार का खतरा तीन गà¥à¤¨à¤¾ तक बढ़ जाता है।
शोधकरà¥à¤¤à¤¾à¤“ं के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, कई सोशल नेटवरà¥à¤•िंग साइटों पर खरà¥à¤š किठगठसमय की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ करने पर इसका अवसाद और वà¥à¤¯à¤¾à¤•à¥à¤²à¤¤à¤¾ पर सीधा असर दिखा। इसमें कहा गया कि जो लोग सात से 11 तरह के सोशल मीडिया का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करते हैं, उनमें अवसाद होने का खतरा तीन गà¥à¤¨à¤¾ तक जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ था। जबकि जिन लोगों ने दो या उससे कम साइटों का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² किया उनमें इस तरह का खतरा नहीं के बराबर पाया गया।
अमेरिका सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ पीटà¥à¤¸à¤¬à¤°à¥à¤— विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ के शोधकरà¥à¤¤à¤¾ बà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤¨ ठपà¥à¤°à¤¾à¤ˆà¤®à¥ˆà¤• ने बताया कि कई सोशल साइट का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करने वालों में पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¥€ रूप से अवसाद या वà¥à¤¯à¤¾à¤•à¥à¤²à¤¤à¤¾ का लकà¥à¤·à¤£ दिखाई दिया। इस पर अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ के लिठअमेरिका के 19 से 32 आयà¥à¤µà¤°à¥à¤— के 1787 लोगों पर शोध किया गया। इन लोगों से बाद में अवसाद के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ की पहचान से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ सवाल पूछे गà¤à¥¤
सà¤à¥€ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾à¤—ियों से फेसबà¥à¤•, टà¥à¤µà¤¿à¤Ÿà¤°, यूटà¥à¤¯à¥‚ब, गूगल पà¥à¤²à¤¸, इंसà¥à¤Ÿà¤¾à¤—à¥à¤°à¤¾à¤®, सà¥à¤¨à¥ˆà¤ªà¤šà¥ˆà¤Ÿ, रेडिट जैसी सोशल साइटों से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ सवाल à¤à¥€ पूछे गà¤à¥¤ इसमें पाया गया कि जिन लोगों ने सात से अधिक साइटों का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² किया उनमें अवसाद संबंधी लकà¥à¤·à¤£ 3.1 गà¥à¤¨à¤¾ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पाठगà¤à¥¤ इतना ही नहीं जिन लोगों ने 11 से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सोशल साइटों का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² किया, उनमें यह लकà¥à¤·à¤£ 3.3 गà¥à¤¨à¤¾ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ मिले, जबकि कम साइटों पर समय बिताने वालों को इससे पीड़ित नहीं पाया गया।
घट जाती संजà¥à¤žà¤¾à¤¨ लेने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾
शोधकरà¥à¤¤à¤¾à¤“ं ने कहा कि कई साइटों पर काम करने के दौरान संजà¥à¤žà¤¾à¤¨ लेने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ घट जाती है, जिसका असर मानसिक सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ पर à¤à¥€ पड़ता है। विà¤à¤¿à¤¨à¥à¤¨ साइटों पर समय बिताने के दौरान सांसà¥à¤•ृतिक धारणा और विचारातà¥à¤®à¤•ता à¤à¥€ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ होती है, जो हमारी à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤“ं पर विपरीत असर डालती है। इसके अलावा सामाजिक चूक या गलतियों की आशंका à¤à¥€ होती है, जो हमारे अंदर बार-बार उलà¤à¤¨ पैदा करती है। इस शोध को जरà¥à¤¨à¤² कमà¥à¤ªà¥à¤¯à¥‚टरà¥à¤¸ इन हà¥à¤¯à¥‚मन बिहैवियर में पà¥à¤°à¤•ाशित किया गया।